उल्सान, ओएसोल चोए ह्योनबे (외솔 최현배) का गृहनगर होने की सांस्कृतिक विरासत के आधार पर एक दशक से अधिक समय से खुद को ‘हंगुल शहर’ (한글도시) बताता रहा है, लेकिन खबर के मुताबिक, नीतियां और परियोजनाएं ठोस नतीजों में तब्दील नहीं हो सकी हैं। उल्सान शहर (울산시) ने 2015 में ‘हंगुल संस्कृति का केंद्र शहर’ (한글문화 중심도시) घोषित किया और उल्सान जुंग-गु (울산 중구) ने 2021 में ‘हंगुल शहर’ घोषित किया। हालांकि, खबर का मुख्य निष्कर्ष यह है कि फिलहाल जुंग-गु के हंगुल से जुड़े काम ओएसोल स्मारक भवन (외솔기념관) और जन्मस्थल जैसी सुविधाओं के रखरखाव और प्रबंधन तक सीमित हैं।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
उल्सान शहर ने 2008 में ओएसोल चोए ह्योनबे का जन्मस्थल बहाल किया और 2010 में उससे सटे ओएसोल स्मारक भवन का निर्माण किया। जुंग-गु ने 2015 में जन्मस्थल वाली डोंगडोंग सहित सॉडोंग और नामवे-डोंग जैसे ब्योंगयॉन्ग किले के आसपास के इलाकों में हंगुल गांव बसाने पर 14억 वॉन (140 करोड़ वॉन) खर्च किए। इस परियोजना के तहत ‘हंगुल की गूंज’ (한글의 울림) नामक कलाकृति बनाने पर भी 8 करोड़ वॉन खर्च किए गए।
ब्योंगयॉन्ग किले के पास, पुराने सॉडोंग चौराहे पर स्थित ओएसोल गोल चौराहा (외솔둥근갈림길) में हंगुल का एक अलग प्रतीकात्मक स्मारक भी है। कोरिया भूमि एवं आवास निगम (한국토지주택공사, LH) ने 2017 में इसे बनाने पर 5억2천만 वॉन (52 करोड़ वॉन) खर्च किए और उल्सान शहर की स्थान-नाम समिति ने जुलाई 2021 में चौराहे का नाम बदलकर ओएसोल गोल चौराहा कर दिया। ये सुविधाएं और नाम इस बात के उदाहरण हैं कि हंगुल शहर की परिकल्पना सड़कों और सार्वजनिक स्थलों पर दिखाई देती है। लेकिन इन्हें बनाना अपने आप में इस बात का जवाब नहीं है कि क्या इससे सतत नीतियां या नागरिकों की भागीदारी भी आगे बढ़ी।
जुंग-गु ने हंगुल इतिहास एवं संस्कृति विशेष क्षेत्र (한글역사문화 특구) का दर्जा हासिल करने की कोशिश की, लेकिन 2023 के अंत में यह प्रयास नाकाम रहा। खबर में इसकी वजह पहले से हंगुल विशेष क्षेत्र का दर्जा पा चुके सेजोंग और ग्योंगगी प्रांत के यॉजू जैसे स्थानों के साथ दोहराव समेत अन्य कारण बताए गए। खबर के मुताबिक, इसके बाद से जुंग-गु की नीतिगत परियोजनाएं स्मारक भवन और जन्मस्थल के रखरखाव तक सीमित हैं। समर्पित विभाग अब भी मौजूद है, लेकिन नीति-योजना का काम टीम प्रमुख सहित सामान्य प्रशासन के 2 अधिकारी संभालते हैं।
पहले वहां काम करने वाले समय-चयनित, आठवें वेतन-श्रेणी के समकक्ष एक विशेषज्ञ कर्मचारी का अनुबंध पिछले वर्ष के अंत में समाप्त हो गया और उस पद को भी स्वीकृत पदों की सूची से हटा दिया गया। विभाग का सालाना बजट 3억 वॉन से कुछ अधिक (30 करोड़ वॉन से अधिक) है, जिसका अधिकांश हिस्सा सुविधाओं से जुड़ा है। उल्सान शहर ने हंगुल दिवस के आयोजन के लिए सहायता भी बंद कर दी। खबर के मुताबिक, 2023 में यह सहायता 5억7천만 वॉन (57 करोड़ वॉन) थी।
इस खबर का क्या मतलब है
‘हंगुल शहर’ का नाम सिर्फ घोषणा से स्थापित नहीं होता। सुविधाएं बनाना और चौराहे का नाम बदलना एक बात है; उस सांस्कृतिक विरासत को नीतियों के जरिए आगे बढ़ाने की योजना बनाना और उसे लागू करना दूसरी बात। इस पर ध्यान देना जरूरी है कि समर्पित कर्मचारी और बजट अगर सुविधाओं के रखरखाव पर ही केंद्रित हों, तो हंगुल से जुड़े नए काम शुरू करने या मौजूदा परियोजनाओं के नतीजों की समीक्षा करने की गुंजाइश सीमित हो सकती है।
इसका मतलब यह नहीं है कि ओएसोल की स्मृति में बने स्थलों का कोई महत्व नहीं है। बल्कि चुनौती यह है कि स्मारक भवन, जन्मस्थल और सड़कों पर बने प्रतीकों को सतत शैक्षिक और सांस्कृतिक नीतियों से कैसे जोड़ा जाए। उल्सान विश्वविद्यालय (울산대학교) के कोरियाई भाषा एवं साहित्य विभाग के पूर्व प्रोफेसर किम गुहान ने कहा कि उल्सान शहर को सक्रिय रूप से पहल करनी चाहिए।
मिसाल के तौर पर, हंगुल शहर की परियोजनाओं का आकलन करने वाले निवासी सिर्फ यह देखने के बजाय कि कितनी कलाकृतियां या सुविधाएं बनाई गई हैं, यह भी देख सकते हैं कि उन परियोजनाओं के लिए जिम्मेदार कर्मचारियों और बजट का इस्तेमाल किस काम में हो रहा है और अगली परियोजना किस तरह आगे बढ़ेगी। इसका मतलब यह नहीं है कि कोई खास अगली परियोजना पहले ही तय हो चुकी है; आशय यह है कि मौजूदा परियोजनाओं के दायरे और निरंतरता की पड़ताल की जाए।
पुष्ट तथ्य और जो बातें अभी पता नहीं हैं
पुष्ट तथ्य
- उल्सान शहर ने 2008 में ओएसोल चोए ह्योनबे का जन्मस्थल बहाल किया और 2010 में ओएसोल स्मारक भवन बनाया।
- जुंग-गु ने 2015 में ब्योंगयॉन्ग किले के आसपास हंगुल गांव बसाने पर 14억 वॉन (140 करोड़ वॉन) खर्च किए और ‘हंगुल की गूंज’ नामक कलाकृति पर 8 करोड़ वॉन खर्च किए।
- हंगुल इतिहास एवं संस्कृति विशेष क्षेत्र का दर्जा हासिल करने की कोशिश 2023 के अंत में नाकाम रही। खबर में दूसरे क्षेत्रों के साथ दोहराव समेत अन्य कारण बताए गए।
- जुंग-गु में हंगुल नीति की योजना बनाने वाले कर्मचारी सामान्य प्रशासन के 2 अधिकारी हैं और सालाना बजट 3억 वॉन से कुछ अधिक (30 करोड़ वॉन से अधिक) है, जिसका अधिकांश हिस्सा सुविधाओं से जुड़ा है।
- उल्सान शहर ने हंगुल संग्रहालय (한글박물관) की शाखा लाने के लिए कई संभावित स्थलों के बारे में जानकारी दी, लेकिन सरकार ने कोई ठोस योजना नहीं बताई।
जो बातें अभी पता नहीं हैं
- विशेष क्षेत्र का दर्जा हासिल करने की कोशिश नाकाम होने के बाद जुंग-गु ने कौन-सी अगली योजना बनाई, इसकी खबर में पुष्टि नहीं की गई है।
- यह भी पता नहीं है कि उल्सान शहर और जुंग-गु समर्पित कर्मचारियों की संख्या या बजट बढ़ाने की योजना बना रहे हैं या नहीं।
- सरकार हंगुल संग्रहालय की शाखा लाने के बारे में कब और कौन-सी योजना घोषित करेगी, यह तय नहीं है।
पाठकों के लिए जांचने योग्य बातें
- यह पता किया जा सकता है कि विशेष क्षेत्र का दर्जा हासिल करने की कोशिश नाकाम होने के बाद जुंग-गु ने हंगुल से जुड़ी कोई नई नीति या परियोजना योजना पेश की है या नहीं, और क्या उसमें जिम्मेदार कर्मचारी तथा बजट का उल्लेख है।
- अगले बजट प्रस्ताव में यह देखा जा सकता है कि हंगुल से जुड़ा बजट सुविधाओं के रखरखाव के अलावा नीति-योजना और परियोजनाओं के लिए भी आवंटित किया गया है या नहीं।
- यह जांचा जा सकता है कि हंगुल संग्रहालय की शाखा लाने के लिए उल्सान शहर द्वारा संभावित स्थलों का प्रस्ताव दिए जाने के बाद सरकार ने कोई ठोस योजना घोषित की है या नहीं।




















