पीपल पावर पार्टी ने फ़िल्म ‘हत्यारे’ को सिंगापुर अंतरराष्ट्रीय फ़िल्म महोत्सव की उद्घाटन फ़िल्म के रूप में दिखाने का निर्णय वापस लेने की मांग करते हुए पार्टी के सभी सांसदों के नाम से एक पत्र भेजने का फ़ैसला किया है। सांसद जू जिन-वू ने 4 तारीख को कहा कि उन्होंने फ़िल्म महोत्सव के आयोजकों को पहले ही दस्तावेज़ भेज दिया है और पार्टी के संसदीय नेतृत्व के केंद्र में रहते हुए सभी सांसदों के नाम से पत्र सौंपने की योजना है। उसी दिन नावर ने कहा कि उसने कुछ फ़िल्मों में असामान्य ट्रैफ़िक देखा है और जांच का अनुरोध किया है। उसने ‘हत्यारे’ की समीक्षाओं को दिखाने का डिफ़ॉल्ट क्रम भी अस्थायी रूप से ‘नवीनतम पहले’ कर दिया।

पृष्ठभूमि और संदर्भ

विवाद का एक पहलू इस बात को लेकर राजनीतिक टकराव है कि फ़िल्म ने इतिहास को किस तरह पेश किया है। सांसद जू ने दावा किया कि जब देश के अधिकांश लोग असहज महसूस कर रहे हैं, तब इतिहास को तोड़-मरोड़कर पेश करने वाली फ़िल्म की अंतरराष्ट्रीय स्क्रीनिंग देश के लिए शर्मिंदगी और राष्ट्रीय प्रतिष्ठा का अपमान है। ऐसी खबरें भी आई हैं कि रूढ़िवादी नेताओं और संगठनों ने फ़िल्म में इतिहास को विकृत किए जाने की आलोचना की है।

दूसरी ओर, बताया गया है कि फ़िल्म के निर्माताओं ने कहा है कि यह कृति काल्पनिक है और इसका उद्देश्य इतिहास के बारे में कोई नया निष्कर्ष स्थापित करना नहीं है। इसलिए ‘इतिहास को विकृत करना’ फिलहाल राजनीतिक जगत में लगाया गया आरोप है; इस लेख में दिए गए तथ्यों के आधार पर इसे निश्चित निष्कर्ष नहीं माना जा सकता। इस पत्र की पहल का महत्व यह है कि फ़िल्म पर विवाद घरेलू आलोचना से आगे बढ़कर विदेशी फ़िल्म महोत्सवों में इसकी स्क्रीनिंग के मुद्दे तक पहुंच रहा है।

ऑनलाइन, समीक्षाओं को दिखाने के क्रम और उन पर आई प्रतिक्रियाओं की संख्या को लेकर संदेह भी इस विवाद से जुड़ गए। सांसद ना ग्योंग-वॉन ने आरोप लगाया कि ‘हत्यारे’ की आलोचनात्मक रेटिंग वाली समीक्षाएं पसंद के आधार पर क्रम लगाने पर नीचे चली गईं और जनमत में हेरफेर किया गया। नावर ने कहा कि उस अवधि में, जब पसंद और नापसंद की डुप्लिकेट प्रविष्टियों में त्रुटि आई थी, उसने इस फ़िल्म की समीक्षाओं में स्वचालित हेरफेर देखा। हालांकि, उसने किसी खास समूह या राजनीतिक मकसद की पहचान नहीं की।

इस खबर का मतलब

फ़िल्म महोत्सव से स्क्रीनिंग रद्द करने का अनुरोध इस बात का संकेत है कि किसी राजनीतिक दल की आपत्ति घरेलू जनमत की बहस तक सीमित न रहकर विदेशी सांस्कृतिक संस्थानों के कार्यक्रम संबंधी निर्णयों को प्रभावित करने की कोशिश तक पहुंच गई है। सांसद जू ने कहा कि उनकी योजना ब्राज़ील और टोरंटो समेत अन्य अंतरराष्ट्रीय फ़िल्म महोत्सवों से भी स्क्रीनिंग रद्द करने का अनुरोध करने की है। हालांकि, पत्र भेजना और फ़िल्म महोत्सव का स्क्रीनिंग रद्द करना दो अलग बातें हैं; उपलब्ध जानकारी में फ़िल्म महोत्सव की ओर से कोई जवाब या निर्णय शामिल नहीं है।

ऑनलाइन जनमत के मामले में भी यह अलग करना ज़रूरी है कि क्या पुष्टि हुई है और क्या नहीं। नावर ने कुछ फ़िल्मों में असामान्य ट्रैफ़िक, ‘हत्यारे’ की समीक्षाओं पर पसंद और नापसंद दर्ज करने की प्रक्रिया में मिले स्वचालित हेरफेर और जांच के अनुरोध के बारे में जानकारी दी। केवल इससे यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि किसी खास व्यक्ति ने हेरफेर किया या स्टार रेटिंग में ही हेरफेर हुआ। यह ध्यान देने योग्य है कि प्लेटफ़ॉर्म की कार्रवाई से राजनीतिक जगत के हेरफेर संबंधी आरोप अपने-आप साबित नहीं होते।

उदाहरण के लिए, जो दर्शक समीक्षाओं के आधार पर फ़िल्म देखने या न देखने का फ़ैसला करना चाहते हैं, वे पसंद के आधार पर सबसे ऊपर दिखने वाली समीक्षाओं या प्रतिक्रियाओं की बड़ी संख्या को पूरी जनमत की तस्वीर मानने के बजाय नावर द्वारा अस्थायी रूप से लागू किए गए ‘नवीनतम पहले’ क्रम को भी देख सकते हैं। यह हेरफेर के लिए ज़िम्मेदार पक्ष या रेटिंग की प्रामाणिकता तय करने का तरीका नहीं है, लेकिन इससे समीक्षाएं दिखाने के क्रम में हुए बदलाव को ध्यान में रखने में मदद मिल सकती है।

अलग-अलग खबरों में जिन बातों पर अलग ज़ोर दिया गया

नावर की कार्रवाई को खबरों में अलग-अलग कोणों से पेश किया गया। राजनीतिक खबरों में सांसद ना ग्योंग-वॉन की जनमत में हेरफेर की आशंका और नावर की ओर से हेरफेर की पुष्टि तथा समीक्षाओं का क्रम बदलने की बात साथ में बताई गई। ऑनलाइन रेटिंग से जुड़ी खबरों में इस सीमा को अधिक स्पष्ट रूप से रेखांकित किया गया कि नावर ने समीक्षाओं पर पसंद और नापसंद दर्ज करने में स्वचालित हेरफेर की पुष्टि की थी, लेकिन ज़िम्मेदार पक्ष, राजनीतिक मकसद या स्टार रेटिंग में ही हेरफेर हुआ था या नहीं—यह नहीं बताया था।

इसका अर्थ है कि पुष्टि किए गए तथ्यों और राजनीतिक जगत में लगाए गए आरोपों के बीच अंतर करना चाहिए। नावर की ओर से जांच का अनुरोध, आरोपों की जांच करने की मांग है; इसका मतलब यह नहीं कि हेरफेर करने वाले पक्ष या उसका मकसद पहले ही तय हो चुका है।

पुष्टि किए गए तथ्य और वे बातें जो अभी अज्ञात हैं

पुष्टि किए गए तथ्य

  • पीपल पावर पार्टी ने पार्टी के सभी सांसदों के नाम से सिंगापुर अंतरराष्ट्रीय फ़िल्म महोत्सव को स्क्रीनिंग रद्द करने की मांग वाला पत्र भेजने का फ़ैसला किया है।
  • सांसद जू जिन-वू ने कहा कि उन्होंने फ़िल्म महोत्सव के आयोजकों को दस्तावेज़ पहले ही भेज दिया है और सभी सांसदों के नाम से पत्र सौंपने की योजना है।
  • सांसद जू ने कहा कि उनकी योजना ब्राज़ील और टोरंटो समेत अन्य अंतरराष्ट्रीय फ़िल्म महोत्सवों से भी स्क्रीनिंग रद्द करने का अनुरोध करने की है।
  • नावर ने कहा कि उसने कुछ फ़िल्मों में असामान्य ट्रैफ़िक देखा और जांच का अनुरोध किया है, और ‘हत्यारे’ की समीक्षाओं का डिफ़ॉल्ट क्रम अस्थायी रूप से ‘नवीनतम पहले’ कर दिया है।

वे बातें जो अभी अज्ञात हैं

  • यह पुष्टि नहीं हुई कि पीपल पावर पार्टी के सभी सांसदों के नाम से पत्र वास्तव में भेजा गया या नहीं, और सिंगापुर अंतरराष्ट्रीय फ़िल्म महोत्सव ने क्या जवाब दिया।
  • यह पता नहीं है कि सिंगापुर अंतरराष्ट्रीय फ़िल्म महोत्सव उद्घाटन फ़िल्म की स्क्रीनिंग रद्द करेगा या नहीं।
  • उपलब्ध खबरों से यह पुष्टि नहीं हुई कि हेरफेर के पीछे कौन था, उसका मकसद क्या था या स्टार रेटिंग में ही हेरफेर हुआ था या नहीं।

पाठकों को किन बातों पर ध्यान देना चाहिए

  • देखें कि फ़िल्म महोत्सव की ओर से कोई आधिकारिक घोषणा आती है या नहीं। अभी तक जिस बात की पुष्टि है, वह स्क्रीनिंग रद्द करने का अनुरोध करने की योजना है, फ़िल्म महोत्सव का निर्णय नहीं।
  • नावर की समीक्षाएं देखते समय ध्यान रखें कि क्रम अस्थायी रूप से ‘नवीनतम पहले’ कर दिया गया है। किसी एक खास क्रम या प्रतिक्रियाओं की संख्या के आधार पर जनमत के बारे में पक्का निष्कर्ष निकालने से बचना बेहतर है।
  • जांच के अनुरोध के बाद कोई ऐसी घोषणा आती है या नहीं, यह देखें जिसमें ज़िम्मेदार पक्ष या हेरफेर के लक्ष्य की पुष्टि की गई हो। नावर ने जिस हेरफेर की जानकारी दी है, उसे राजनीतिक जगत में लगाए गए जनमत में हेरफेर के आरोप से अलग करके देखना ज़रूरी है।

संदर्भ

  • संदर्भित अन्य रिपोर्ट: hani.co.kr
  • संदर्भित अन्य रिपोर्ट: m.koreaherald.com